Breaking
Stay connected for the latest news and exclusive updates...
Topic & Tag Archive

#madhya pradesh elections

Total published stories tagged under #madhya pradesh elections: 124

ADVERTISEMENT
कांग्रेस मीडिया विभाग की लंका लगा चुके आखिर आपस में बात क्या कर रहे हैं?
भोपाल

कांग्रेस मीडिया विभाग की लंका लगा चुके आखिर आपस में बात क्या कर रहे हैं?

मप्र में कांग्रेस (mp congress) की करारी हार के बाद बड़ा बदलाव किया गया है। आमतौर पर किसी भी राजनीतिक पार्टी का चेहरा उसका मीडिया विभाग माना जाता है (congress media department)। भाजपा के मीडिया विभाग ने तो बगैर आत्म विश्वास में आए बढ़िया काम किया लेकिन कांग्रेस पार्टी के मीडिया विभाग की हालत तो ऐसी हो गई कि वो मंत्रिमंडल से लेकर निगम मंडल तक बनाने लगे थे। इतना ज्यादा आत्म विश्वास बढ़ गया था कि किसी को फोन पर बात करते थे तो यही कहते थे कि कांग्रेस की सरकार आ रही है हमारे हिसाब से काम करो। कांग्रेस का मीडिया विभाग ही था जो कमलनाथ से जाकर कहता था कि इस बार 180 से ज्यादा सीटें कांग्रेस जीत कर प्रचंड बहुमत के साथ सरकार बनाने जा रही है। ये ऐसे लोग हैं जो अति आत्म विश्वास में आकर पत्रकारों की लिष्ट तैयार कर रहे थे। बहुत सारे पत्रकारों को इन्होने ब्लैकलिष्ट किया था। कांग्रेस मुडिया विभाग की कमान पूर्व पत्रकार पीयूस बबेले और केके मिश्रा के हाथ में थी। जिन्होने अति आत्म विश्वास के चलते पार्टी के कार्यकर्ताओं से लेकर पत्रकारों तक को कुछ नहीं समझा। कांग्रेस मीडिया विभाग को लग रहा था कि 'गोल्डन' गैंग को अपने पक्ष में कर लेंगे तो सबकुछ ठीक हो जाएगा। हुआ भी वैसा ही। इन्होने खुद का तो ठीक कर लिया लेकिन दूसरों को बरबाद कर दिया। तस्वीर में आप देख सकते हैं कि प्रदेश में कांग्रेस की करारी हार के बाद इनके चेहरे में सिकन नहीं बल्कि और ज्यादा चमक दिखाई पड़ रही है। तस्वीर से ऐसा लग रहा है कि जैसे दोनों एक दूसरे को कान में कह रहे हों कि कांग्रेस का काम तो ठिकाने लगा दिया अब अगे क्या करना है।

16/12/2023126
'एमपी में विवाद का रास्ता ढूढ़ रही सरकार' पीसीसी चीफ कमल नाथ ने लगाया आरोप
भोपाल

'एमपी में विवाद का रास्ता ढूढ़ रही सरकार' पीसीसी चीफ कमल नाथ ने लगाया आरोप

मध्य प्रदेश के पीसीसी चीफ और पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ (kamal nath) ने डॉ. मोहन यादव (mohan yadav) सरकार पर निशाना साधा है। लाउडस्पीकर और खुले में मांस बेचने के सरकार के फैसले पर कहा है कि मोहन सरकार विवाद के लिए बहाना ढूंढ रही है। उन्होंने कहा कि सरकार कोई भी निर्णय ले लेकिन विवाद नहीं होना चाहिए। कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष कमलनाथ ने कहा कि हमारी संस्कृति जोड़ने की है और प्यार मोहब्बत से रहने की है। लाउडस्पीकर और खुले में मांस बेचने पर रोक लगाकर प्रदेश सरकार विवाद के लिए बहाना ढूंढ रही है। पीसीसी चीफ ने कहा कि सरकार कोई भी फैसला ले लेकिन विवाद नहीं होना चाहिए। आपको बता दें कि एमपी की मोहन सरकार ने निर्णय लिया है कि किसी भी प्रकार के धार्मिक स्थल अथवा अन्य स्थान में निर्धारित मापदण्ड के अनुरूप ही ध्वनि विस्तारक यंत्रों (लाउड स्पीकर/डीजे) आदि का उपयोग किया जा सकेगा। राज्य शासन ने ध्वनि प्रदूषण और लाउड स्पीकर आदि के अवैधानिक उपयोग की जांच के लिये सभी जिलों में उड़नदस्ते गठित किए जाएंगे। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बुधवार को मंत्रालय में प्रभार ग्रहण करने के बाद इससे संबंधित प्रथम नस्ती पर हस्ताक्षर किए। मध्यप्रदेश में धार्मिक स्थल और अन्य स्थानों पर मध्यप्रदेश कोलाहल नियंत्रण अधिनियम, ध्वनि प्रदूषण (विनियमन और नियंत्रण) नियम 2000 के प्रावधानों, सर्वोच्च न्यायालय और उच्च न्यायालय के समय-समय पर जारी दिशा-निर्देशों के अनुक्रम में राज्य शासन ने यह निर्णय लिया है।

16/12/202377
लगातार चुनाव जीतने वाले भाजपा नेताओं की केस स्टडी करवाएगी भाजपा
भोपाल

लगातार चुनाव जीतने वाले भाजपा नेताओं की केस स्टडी करवाएगी भाजपा

मप्र विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी ने प्रचंड जीत हासिल कर यह बता दिया है कि भाजपा को चुनाव लड़ना और जीतना आता है (madhya pradesh elections)। लेकिन भाजपा की खूबी यह है कि भाजपा सिर्फ इतने में ही सीमित नहीं है। इस जीत को अजेय बनाने के लिए भारतीय जनता पार्टी कुछ अलग-अलग पहलुओं पर काम करने की योजना तैयार कर रही है जिससे इस प्रकार की जीत को लगातार कायम रखा जा सके। जिस प्रकार भारतीय जनता पार्टी की बड़ी प्रयोगशाला मध्यप्रदेश माना जाता है ठीक उसी प्रकार प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा भी अलग-अलग तरह के प्रयोग करने से किसी प्रकार का गुरेज नहीं करते हैं। उनकी चुनाव जीत की भूख और संगठन को लगातार मजबूत करने की इच्छा शक्ति पार्टी को और मजबूत करने में अक्शर कारगर साबित होती है। यही कारण है कि प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा अब कुछ और नया प्रयोग करने की योजना तैयार कर रहे हैं। भाजपा अब अपने ही उन नेताओं की केस स्टडी करवाएगी जो लगातार चुनाव जीत रहे हैं। भाजपा में कुछ ऐसे विधायक हैं जो एक लाख से अधिक मतों से चुनाव जीत रहे हैं। लगातार चुनाव जीतने वालों में सबसे पहला नाम आता है गोपाल भार्गव का उसके बाद एक लाख से अधिक मतों से लगातार चुनाव जीतने वाले हैं रमेश मेंदोला,ठीक इसी प्रकार भाजपा अन्य नेताओं की लिष्ट तैयार कर रही है जो लगातार ज्यादा से ज्यादा मतों से चुनाव जीत रहे हैं। इन सभी नेताओं के चुनाव प्रबंधन और चुनाव जीतने के तरीके पर पार्टी की एक विशेश टीम स्टडी करेगी और उस फॉर्मूले को भाजपा लोकसभा चुनाव के अलावा अन्य चुनावों में इस्तेमाल करेगी।

15/12/202389
मोहन यादव की कैबिनेट में राजगढ़ जिले से मिल सकता है मंत्री पद
भोपाल

मोहन यादव की कैबिनेट में राजगढ़ जिले से मिल सकता है मंत्री पद

मध्य प्रदेश विधानसभा चुनाव में प्रचंड बहुमत से जीत दर्ज करने के बाद बीजेपी के मनोनीत मुख्यमंत्री मोहन यादव (mohan yadav) ने बुधवार को मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। मोहन यादव के साथ जगदीश देवड़ा (jagdish dewda) और राजेश शुक्ला (rajesh shukla) ने भी राज्य के उपमुख्यमंत्री पद की शपथ ली। बता दें, बीजेपी ने मुरैना से विधायक और पूर्व केंद्रीय मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर (narendra singh tmar) को विधानसभा स्पीकर नियुक्त किया है। वहीं, आज वरिष्ठ नेता गोपाल भार्गव (gopal bhargava) को प्रोटेम स्पीकर की शपथ दिलाई गई। अब सबके मन में सवाल उठ रहा है कि मध्य प्रदेश की नई सरकार में कौन-कौन विधायक होंगे, जिन्हें मंत्रिमंडल में शामिल किया जाएगा। माना जा रहा है कि 30 से 35 विधायकों को मंत्रिमंडल में शामिल किया जा सकता है। ऐसे में मंत्री पद पर उनका हक ज्यादा बताया जा रहा है जहां वोट प्रतिशत अधिक रहा है। वोट प्रतिशत अधिक, इसलिए मंत्री पद पर हक ज्यादा राजगढ़ जिले की पांचों सीटों पर भाजपा ने प्रचंड जीत दर्ज की है। राजगढ़ जिले में वोट प्रतिशत 80 रहा है। ऐसे में इस जिले से नई सरकार में मंत्री पद मिलना लगभग तय माना जा रहा है। जिले की ब्यावरा विधानसभा सीट से नारायण सिंह पंवार, राजगढ़ सीट से अमर सिंह यादव और नरसिंहगढ़ से मोहन शर्मा का नाम शामिल है। बता दें कि पिछली 15 वीं विधानसभा में इस जिले से कोई मंत्री नहीं था। वहीं, 18 महीने की कांग्रेस सरकार में खिलचीपुर सीट से विधायक प्रियव्रत सिंह को ऊर्जा मंत्री बनाया गया था। ऐसे में नई सरकार इस जिले से किसी एक विधायक को मंत्रीमंडल में शामिल कर सकती है। बता दें कि शिवराज सरकार में शिक्षा मंत्री रहे मोहन यादव राजगढ़ जिले के प्रभारी मंत्री रह चुके हैं। जिसका फायदा जीतकर आए विधायकों को मिल सकता है। इन सीटों पर 80 प्रतिशत वोट राजगढ़, आगर-मालवा, नीमच, शाजापुर, सिवनी, राजगढ़ और रतलाम इनका हक ज्यादा राजगढ़ और सिवनी इन सीटों पर 75 से फीसदी तक बालाघाट, डिंडौरी, मंदसौर, श्योपुर, निवाड़ी, नर्मदापुरम, देवास, विदिशा, खरगोन और शहडोल इनका हक ज्यादा श्योपुर, निवाड़ी और शहडोल

14/12/2023153
बीजेपी प्रदेश कार्यालय में लिखे अटल जी के विचार से कानाफूसी का दौर तेज
भोपाल

बीजेपी प्रदेश कार्यालय में लिखे अटल जी के विचार से कानाफूसी का दौर तेज

मप्र में पिछले कुछ दिनों में काफी सियासी उलटफेर देखने को मिले हैं (madhya pradesh bjp)। सोच से परे फैसले हुए बड़े-बड़े राजनीतिक पंडितों का गणित फैल हो गया। और प्रदेश की सियासत में 18 साल से खड़ा वटवृक्ष एक झटके में धराशाही हो गया। जिसकी किसी को उम्मीद नहीं थी। प्रदेश में भाजपा की सरकार फिर बनाना कोई बहुत बड़ी बात नहीं थी लेकिन जिस प्रकार से शिवराज सिंह चौहान (shivraj singh chouhan) को सीएम पद से हटाया गया वो किसी के गले से नहीं उतर रहा है। लोग अब भी यही सोच रहे हैं कि आखिर उनके राजनीतिक गणित में कहां चूक रह गई। प्रदेश का सीएम बनने के बाद शिवराज सिंह चौहान ने प्रेसवार्ता आयोजित कर कहा कि वो दिल्ली जाकर अपने अधिकार की मांग करने से बेहतर मरना पसंद करेंगे। बात यहीं खत्म नहीं हुई, डॉ. मोहन यादव (mohan yadav) के शपथ लेने के तुरंत बाद लाल परेड ग्राउंड के बाहर जिस प्रकार का परिदृष्य देखने को मिला वह साफ बता रहा था कि यह पूर्व नियोजित है। मीडिया के सामने दुखड़ा रोना और फिर यह कहना कि यह अंत नहीं है मै लौट कर आउंगा यही दर्शाता है कि रस्सी जल गई लेकिन बल नहीं गया। इन सब बातों को ध्यान में रखें और फिर बीजेपी प्रदेश कार्यालय में लिखे अटल (atal bihari vajpayee) जी के विचार को पढ़े तो ऐसा लगता है कि किसी ब्यक्ति को ध्यान में रख कर यह लाइनें लिखी गई हैं। 'मनुष्य को चाहिए कि वह परिस्थितियों से लड़े एक स्वप्न टूटे तो दूसरा गढ़े' आज की राजनीति को देखकर ऐसा लगता है कि यह लाइनें ठीक उसी वट वृक्ष के लिए हैं जो पिछले 18 साल से अनवरत खड़ा था कई आंधी और तूफान आए लेकिन कोई उस वट बृक्ष को हिला नहीं पाया लेकिन इस बार की सुनामी से वो वट वृक्ष जमीन से उखड़ कर धराशाही हो गया।

14/12/2023179
मोहन की 'अग्नि परीक्षा' चार दिग्गज परीक्षा लेने के लिए सदन में हमेशा रहेंगे मौजूद
भोपाल

मोहन की 'अग्नि परीक्षा' चार दिग्गज परीक्षा लेने के लिए सदन में हमेशा रहेंगे मौजूद

डॉ. मोहन यादव (mohan yadav) प्रदेश के नए मुख्यमंत्री पद की शपथ ले चुके हैं। काफी समय बाद एमपी को नया मुख्यमंत्री मिला है लेकिन सवाल इस बात का उठता है कि भारतीय जनता पार्टी के केन्द्रीय नेतृत्व ने जिस प्रकार से चार वरिष्ठ नेताओं को मोहन यादव का जूनियर बनने के लिए उन्हे मजबूर कर दिया है तो क्या वो चारों दिग्गज अपनी सिकस्त को ऐसे ही स्वीकार कर लेंगे या फिर डॉ. मोहन यादव के लिए समस्या भी खड़ी करेंगे। इस बात में कोई शक नहीं है कि डॉ. मोहन यादव एक सुलझे हुए खिलाड़ी हैं लेकिन जिन सीनियरों को उनका जूनियर बनने के लिए मजबूर कर दिया गया है तो क्या वो अपमान के आंसू पी कर ऐसे ही अपनी सियासी जमीन खिसकते हुए देखते रहेंगे। कहते हैं दुस्मन का दुस्मन दोस्त होता है ठीक वैसा ही जैसा मोहब्बत और जंग में सबकुछ जायज होता है। लिहाजा राजनीति में न कोई स्थाई दोस्त होता है और न ही कोई दुस्मन। मुख्यमंत्री की दौड़ में सबसे आगे चल रहे नरेन्द्र सिंह तोमर (narendra singh tomar) को पार्टी ने विधानसभा अध्यक्ष बना कर उन्हे उनके राजनीतिक कद का अहसास करवा दिया है तो वहीं पश्चिम बंगाल में भाजपा की जमीन तैयार करने वाले कैलाश विजयवर्गीय (kailash Vijayvargiya) को भी भाजपा ने उनका कद और पार्टी में क्या हैसियत है वो बता दिया है। प्रलाद पटेल भी भाजपा के कद्दावर नेता हैं उम्र के अंतिम पड़ाव में वो भी अपना डेजिग्नेशन बदलना चाहते थे लेकिन केन्द्रीय नेत्रृत्व ने यह बता दिया कि आप विश्वास के लायक नहीं हो पहले पल्टी मार चुके हो। अब बात करते हैं एक ऐसे नेता कि जो पिछले 18 साल से एमपी बीजेपी का सबसे बड़ा चेहरा था। लाड़ली बहनों का भाई और लाड़ली लक्ष्मियों का मामा। प्रदेश में जब सब कह रहे थे कि सीएम विरोधी लहर है तब उन्होने सभी के समीकरण को धता बताते हुए 163 सीटें लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और आखिर में नतीजा यह निकला कि केन्द्रीय नेत्रृत्व ने उन्हे भी दूध में पड़ी मक्खी की तरह निकाल कर बाहर कर दिया। और तीसरी बार चुनाव जीत कर आए डॉ. मोहन यादव को मप्र का अगला मुख्यमंत्री बना दिया। फिलहाल भाजपा के सभी नेताओं के होंठों पर मुस्कान तो दिख रही है लेकिन मुस्कान कुटिलता की भी निशानी होती है किसी को यह नहीं भूलना चाहिए। आने वाले समय में प्रदेश के नए मुखिया को अपने घर के अंदर ही जूझने के लाए तैयार रहना पड़ेगा।

13/12/2023198
महाकाल को 'मोहने' निकले डॉ. मोहन यादव
भोपाल

महाकाल को 'मोहने' निकले डॉ. मोहन यादव

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव (mohan yadav) भोपाल में शपथ लेते ही महाकाल की नगरी के लिए रवाना हो गए। मुख्यमंत्री ने भगवान महाकाल (mahakaleshwar) का पूरे विधि विधान के साथ पूजन किया और प्रदेश के सुख समृद्धि की कामना की। गौरतलब है कि मुख्यमंत्री मोहन यादव उज्जैन के ही रहने वाले हैं और वो अक्शर भगवान महाकाल का दर्शन करने के लिए जाते हैं। मुख्यमंत्री के पिता भी महाकाल के भक्त हैं। मोहन यादव के सीएम बनने के बाद उनके पिता का बयान भी आया था कि वो भगवान महाकाल के सेवक हैं और उसी सेवा के फल स्वरुप उनके बेटे को प्रदेश का सीएम बनने का मौका मिला है।

13/12/202375
कार्यकारी सीएम शिवराज का बयान,यह अंत नहीं लौट कर आउंगा
भोपाल

कार्यकारी सीएम शिवराज का बयान,यह अंत नहीं लौट कर आउंगा

प्रदेश की 18 साल तक बागडोर संभालने वाले कार्यकारी मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान (Shivraj Singh Chouhan) ने प्रेसवार्ता आयोजित कर अपने 18 साल के कार्यकाल की जानकारी दी। शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि जब वो मुख्यमंत्री बने थे तब प्रदेश बीमारु राज्य हुआ करता था जिसको उन्होने दिन रात मेहनत कर विकसित राज्य की श्रेणी में खड़ा किया है। शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि लाड़ली बहना योजना उन्होने महिलाओं वोट के लिए नहीं शुरु की थी बल्कि नारी सशक्तिकरण की दिशा में कदम उठाने के प्रयास किया था। और उसका असर भी देखने को माला है। कार्यकारी मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने यह भी कहा कि भाई बहन और मामा का जो रिस्ता है वो हमेशा आखिरी सांस तक बना रहेगा। प्रेसवार्ता समाप्त होने के बाद शिवराज सिंह चौहान जब मीडिया कर्मियों के बीच आए तो उन्होने कहा कि यह अंत नहीं है लौक कर जरुर आउंगा किसी न किसी भूमिका में। शिवराज सिंह चौहान जब 74 बंगला स्थित उनके नवीन भवन में पहुंचे तो उनसे मिलने के लिए उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ला भी उनका स्वागत करने के लिए आए। जहां दोनों नेताओं ने काफी देर तक आपस में बात की। गौरतलब है कि राजेन्द्र शुक्ला और शिवराज सिंह चौहान को एक दूसरे का बेहद करीबी माना जाता है।

12/12/2023134
नव निर्वाचित सीएम मोहन यादव ने राज्यपाल के सामने सरकार बनाने का दावा किया पेस
भोपाल

नव निर्वाचित सीएम मोहन यादव ने राज्यपाल के सामने सरकार बनाने का दावा किया पेस

भारतीय जनता की अगली सरकार बनाने के लिए नव निर्वाचित सीएम मोहन यादव (mohan yadav) ने राज्यपाल मंगुभाई पटेल (mangubhai patel) के सामने पेस कर दिया है। इससे पहले भाजपा प्रदेश कार्यालय में भाजपा विधायक दल की बैठक आयोजित की गई थी जिसमें तीनों केन्द्रीय पर्यवेक्षकों सहित पार्टी के सभी 163 विधायक शामिल हुए। भाजपा विधायक दल की बैठक करीब एक घंटे तक चली जिसमें पार्टी के वरिष्ठ नेता मोहन यादव को प्रदेश का अगला मुख्यमंत्री बनाने पर सहमति बनी। मोहन यादव के साथ दो उप मुख्यमंत्री भी बनाए जा रहे हैं जिसमें राजेन्द्र शुक्ला और जगदीश देवड़ा शामिल हैं। भाजपा के वरिष्ठ नेता नरेन्द्र सिंह तोमर को विधानसभा अध्यक्ष की जिम्मेदारी सौंपी गई। भाजपा की बैठक के बाद पहले मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान राजभवन पहुंचे जहां उन्होने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दिया इसके बाद मोहन यादव,प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा सहित कई अन्य नेता राजभवन पहुंचे जहां पर उन्होने अगली सरकार बनाने का दावा पेस किया। अब माना जा रहा है कि 13 अथवा 14 दिसंबर को राज्यपाल नई सरकार को शपथ दिलाएंगे। माना यह भी जा रहा है कि नई सरकार के मंत्रिमंडल में चौकाने वाले चेहरे सामने हो सकते हैं। नई सरकार में नए और पुराने चेहरों का समावेश देखने को मिलेगा जिससे सरकार में अनुभव की किसी प्रकार से कमी ना रहे।

11/12/2023115
आज तय होगा प्रदेश का मुखिया,प्रदेश अध्यक्ष और मीडिया प्रभारी ने बैठक स्थल का किया निरीक्षण
भोपाल

आज तय होगा प्रदेश का मुखिया,प्रदेश अध्यक्ष और मीडिया प्रभारी ने बैठक स्थल का किया निरीक्षण

भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश कार्यालय में अगले पांच साल के लिए प्रदेश का मुखिया तय किया जाएगा (madhya pradesh cm)। इस बैठक पर प्रदेश के हर नागरिक की नजर है। दिल्ली से आ रहे केन्द्रीय पर्यवेक्षकों के नेत्रृत्व में भाजपा विधायक दल की बैठक आयोजित की जाएगी। बैठक में शामिल होने के लिए भाजपा के.सभी 163 विधायक एक दिन पहले ही भोपाल पहुंच चुके हैं वो भी जानना चाहते हैं कि उनका अगला नेता कौन होगा (bjp mla meeting)। बैठक से पहले प्रदेश कार्यालय को दुल्हन की तरह सजाया गया है। कार्यालय मंत्री राघवेन्द्र शर्मा की देखरेख में पूरा काम किया जा रहा है। प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा (vd sharma) खुद फीडबैक ले रहे हैं और कहीं कोई कमी न रह जाए इसलिए उन्होने बैठक स्थल का खुद निरीक्षण किया। और जहां कोई भी कमी मिली उसको दुरुस्त करने के लिए निर्देशित किया। प्रदेश अध्यक्ष के साथ बीजेपी प्रदेश मीडिया प्रभारी आशीष अग्रवाल (ashish agrawal) सहित पार्टी के कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।

11/12/2023109
बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा का बढ़ेगा कद,अध्यक्ष बनने के बाद मप्र भाजपा की बढ़ी लोकप्रियता
भोपाल

बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा का बढ़ेगा कद,अध्यक्ष बनने के बाद मप्र भाजपा की बढ़ी लोकप्रियता

मप्र बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा (vd sharma) को शुभंकर अध्यक्ष कहा जाता है। दरअसल शुभंकर का तमगा भी उन्हे उनकी मेहनत के बल पर ही मिला है। वीडी शर्मा जब भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष बनाए गए थे तब पार्टी सत्ता से बाहर हो चुकी थी। लेकिन सिंधिया भाजपा में आए और साल 2020 में भाजपा की सरकार मप्र में एकबार फिर स्थापित हो गई। इस बीच 28 विधानसभा सीटों पर उपचुनाव हुए जिसमें भाजपा ने 19 सीटों पर जीत हासिल कर प्रदेश में स्थाई सरकार बना ली। वीडी शर्मा पर कांग्रेस के नेताओं ने लगातार आरोप लगाए लेकिन उन्होने कांग्रेस के हर आरोप का मुहुतोड़ जवाब दिया। विधानसभा चुनाव की बारी आई तो लगातार प्रचारित किया गया कि उनके ब्योहार से पार्टी के कार्यकर्ता खुश नहीं हैं और प्रदेश अध्यक्ष ने उसी आरोप को अपनी ताकत बना लिया। लगातार पार्टी के कार्यकर्ताओं के साथ बैठक की (mp bjp)। ताबड़तोड़ प्रवास किया,बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं के साथ उन्होने कार्यकर्ताओं के साथ मीटिंग की उनकी शिकायतें सुनी और यथा संभव उनकी शिकायतों को दूर भी किया। नतीते के तौर पर भाजपा के कार्यकर्ता एकजुट हो गए। प्रदेश के अलग-अलग मीडिया संस्थानों से सरकार विरोधी लहर की खबर आ रही थी तब बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा एक ही बात कहते नजर आते थे कि इस बार भाजपा ऐतिहासिक जीत दर्ज करेगी। आखिर तीन दिसंबर को बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा की बात सही साबित हुई और भाजपा ने 163 सीटों पर जीत हासिल कर प्रचंड बहुमत हासिल कर लिया (madhya pradesh elections)। अब पार्टी में मुख्यमंत्री पद को लेकर मंथन चल रहा है। सार्वजनिक तौर पर प्रदेश अध्यक्ष यह कह चुके हैं कि वो सीएम पद की दौड़ में शामिल नहीं हैं लेकिन यह बात तो तय है कि उनके अध्यक्षीय कार्यकाल में भारतीय जनता पार्टी ने प्रदेश में दो बार जीत का पर्चम लहराया है मतलब साफ है कि केन्द्रीय नेत्रृत्व प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा को कोई बड़ी जिम्मेदारी देने की योजना तैयार कर रहा है।

10/12/2023171
'नरेन्द्र सिंह तोमर होंगे प्रदेश के अगले सीएम',दो डिप्टी सीएम और और 29 मंत्री लेंगे शपथ
भोपाल

'नरेन्द्र सिंह तोमर होंगे प्रदेश के अगले सीएम',दो डिप्टी सीएम और और 29 मंत्री लेंगे शपथ

मप्र में अगला मुख्यमंत्री कौन होगा इस बात को लेकर संशय और कयासों का दौर लगातार जारी है (mp chief minister)। सोमवार को भाजपा प्रदेश कार्यालय में विधायक दल की बैठक होने जा रही है। केन्द्रीय पर्यवेक्षक बैठक में शामिल होंगे। केन्द्रीय मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर (Narendra Singh Tomar) स्पेशल विमान से अन्य नेताओं के साथ भोपाल बैठक बैठक में शामिल होने के लिए आएंगे। Mukhabirmp.com को मिली जानकारी के अनुसार अगली सरकार में 29 मंत्रियों को शपथ दलाई जाएगी। सबसे अहम बात यह है कि लोकसभा चुना को देखते हुए छिंदवाड़ा के अलावा हल लोकसभा सीट से एक मंत्री बनाया जाएगा। माना यह भी जा रहा है कि सागर जिले से दो मंत्री बनाए जा सकते हैं। दिल्ली के सूत्रों के मुताबिक नरेन्द्र सिंह तोमर पर सहमति बना ली गई है,मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने भी नरेन्द्र सिंह तोमर पर सहमति जता दी है। हांलाकि अभी यह खबर सूत्रों पर आधारित है क्योंकि भाजपा लोकसभा चुनाव को दृष्टिगत रखते हुए कई प्रकार के विकल्पों पर भी विचार कर रही है। नरेन्द्र सिंह तोमर का नाम आने के कारण कोई भी नेता विरोध करने की स्थिति में दिखाई नहीं पड़ रहा है लेकिन सभी नेताओं के बीच कानाफूसी का दौर जरुर जरी है। प्रदेश कार्यालय में होने वाली बैठक को देखते हुए भारी संख्या में सुरक्षा ब्यवस्था तैनात की गई है। प्रदेश कार्यालय को दुल्हन की तरह सजाया गया है।

10/12/20231185
Page 2 of 11