पटवारी के वेयरहाउस से निकले दाने सीएम की 'जमीन पर गिरे' राजनीति की ऐसी फसल उगी जिसे साफ करने में सरकार और संगठन के छूट रहे पसीने

पिछले कुछ दिनों से मध्य प्रदेश की सियासी फसल लगातार लहलहा रही है। उस फसल को हरा भरा रखने के लिए आर्गैनिक खाद लगातार दी जा रही है। दरअसल दो महीने पहले सरकार की तरफ से वेयर हाउस कार्पोरेशन का अध्यक्ष संजय नगायच को बनाया गया। हाल फिलहाल संजय नगायच की सीएम के साथ जारी तस्वीरों से यह अंदाज़ा लगाया गया था सकता है कि दोनों एक दूसरे के काफी करीबी हैं। नए-नए अध्यक्ष बने नगायच में काम करने के प्रति काफी जुनून भी देखने को मिला। प्रभार मिलते ही उन्होंने सबसे पहले कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी के वेयर हाउसों में छापामार कार्रवाई का सिलसिला शुरु कर दिया। अब जांच होगी तो अनियमितता तो मिलना तय है। हुआ भी वही- यहीं से शुरु हुई सीएम मोहन यादव की कुंडली निकालने की प्रक्रिया। विभीषणों की कमी कहीं भी नहीं है। खासकर भाजपा में क्योंकि लाखों की संख्या में भाजपा में शामिल हुए कांग्रेसियों में सैकड़ों की संख्या में स्लीपर सेल का काम कर रहे हैं। वेयर हाउस में छापामार कार्रवाई हुई तो जीतू पटवारी के आत्म सम्मान को ठेस पहुंची और उन्होंने भाजपा में मौजूद स्लीपर सेलों की मदद से सीएम की कुंडली निकाल ली। साल 2023 से खरीदी गई जमीनों का जखीरा भी हाथ लग गया। जैसे ही जमीनों की जानकारी हाथ लगी तो पहले उसे एक अंग्रेजी अखबार को दिया गया जहां से खबर रुक न पाए। अखबार ने जैसे ही जमीन खरीदी की खबर छापी तो उसके तुरंत बाद कांग्रेस अध्यक्ष पर्दे के सामने आ गए। पहले भोपाल और फिर दिल्ली तक जमीन खरीदी मामला पहुंचा। जैसे ही दिल्ली में प्रेसवार्ता हुई तो मोहन सरकार के सारे मंत्री बचाव के लिए आ गए। लेकिन सवाल तो अब भी वही है। सीएम मोहन यादव ने जिसको फर्ष से अर्ष तक पहुंचाया उसी व्यक्ति ने अप्रत्यक्ष तरीके से सीएम मोहन यादव पर अवैध तरीके से जमीन खरीदी के मामले का खुलासा करवा दिया। इस जमीन खरीदी मामले में कितनी सच्चाई है यह तो जांच का विषय है लेकिन सच्चाई तो यही है कि जीतू पटवारी के वेयर हाउस से निकले अन्न के दानों से प्रदेश की सियासी फसल इन दिनों खूब लहलहा रही है। जिसे काटना फिलहाल सरकार और संगठन के लिए कठिन हो रहा है।
Reader Reactions
What is your reaction to this story?बीजेपी के मोर्चा कार्यालयों में AC चलने से बढ़ रहा बिजली बिल संबंधित पदाधिकारियों ने जताई नाराजगी
पीएम मोदी द्वारा डीजल-पेट्रोल बचाने की मियाद शायद खत्म हो चुकी है तभी तो चेयरमैन साहब काफिले में निकलने लगे हालाकि सीएम ईवी में ही चलते हैं
Reader Discussion & Comments (0)
Moderated CommentsRelated Top News

नए साल में शासकीय कर्मचारियों को सीएम मोहन यादव की सौगात,पहली तारीख को मिलेगा वेतन
30/12/2023
शासकीय कर्मचारियों को 4% डीए की जल्द मिलेगी सौगात,सीएम यादव जल्द करेंगे घोषणा
1/1/2024
शासकीय कर्मचारियों का मनचाही जगह पर होगा तबादला,वेतन विसंगति दूर करने पर भी सीएम का जोर
29/7/2024