भाजपा के राज में 'असुरक्षित ब्राह्मण',कई ब्राह्मणों की हत्या के बाद जागे ब्राह्मण संगठन अब आंदोलन की तैयारी

जिन ब्राह्मणों ने भारतीय जनता पार्टी की नींव रखी थी वही ब्राह्मण समाज भाजपा के असहाय सा महसूस कर रहा है।प्रदेश में पिछले एक -डेढ वर्ष में ब्राह्मणों पर अत्याचार जिस तेजी से बड़ा है उसने तो ब्राह्मणों का विश्वास ही भाजपा से डगमगा दिया है। हाल में ही मऊगंज (रीवा) में हुई युवक सनी द्विवेदी और पुलिस अधिकारी राम चरण गौतम की पीट- पीट कर जघन्य हत्या ने ब्राह्मण समाज को आक्रोशित कर दिया है। जब ब्राह्मण पुलिस कि वर्दी में भी सुरक्षित नही तो फिर बांकि कैसे सुरक्षित रहेंगे यह अब बड़ा सवाल हो गया है। अखिल भारतीय ब्राह्मण समाज संगठन के प्रदेश अध्यक्ष पंडित पुष्पेंद्र मिश्र का कहना है कि
मरने वाले ब्राह्मण वर्ग से थे इसलिए सब चुप हैं। कहीं से उनके समर्थन में आवाज नहीं आ रही। यही मृतक अगर दलित या अल्पसंख्यक वर्ग से होते तो पूरे देश मे बवाल मच चुका होता। राजनेता सक्रिय हो चुके होते। प्रदेश क्या देश की कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े हो चुके होते। लेकिन मरने वाले ब्राह्मण हैं इसलिए सब चुप हैं। पुलिस खाना पूर्ति में लगी है। हत्यारे खुले आम घूम रहे हैं। ब्राह्मणों कि इससे बड़ी विवशता क्या होगी कि जिस भाजपा को उसने आज तक अंध समर्थन दिया उसके राज में ही उन्हें जान गंवानी पड़ रही है। उन्हें तरह तरह से अत्यचार सहने पड़ रहे हैं। पुष्पेन्द्र मिश्र ने कहा कि प्रदेश में ब्राह्मणों पर अत्याचार या हमले कि यह कोई पहली घटना नही है। इससे पहले दो माह पूर्व ही जबलपुर जिले के पाटन तहसील के ग्राम टिमरी में चार ब्राह्मणों की नृशंस हत्या कर दी गयी थी। मृतक सतीश पाठक उम्र 40 साल,मनीष पाठक उर्फ़ चंदन उम्र 34,अनिकेत दुबे उम्र 25 वर्ष, मृतक भाई समीर दुबे.उम्र 20 को मौत के घाट उतार दिया गया था। इसी प्रकार
जिला मैहर थाना देहात गांव रिगरा में ब्राह्मण विकास तिवारी के ऊपर पेट्रोल डालकर उसे जिंदा जला दिया गया था।
रीवा जिले के रायपुर कर्चुलियान में भी एक ब्राह्मण युवक को मौत के मुंह में धकेला गया।
इसी प्रकार छतरपुर में एक मंदिर के पुजारी की हत्या कर दी गयी थी। एक के बाद सीरियल से ब्राह्मण वर्ग पर प्राण घातक हमलों और झूठे केसों में फ़साने की तो सैकड़ों घटनाएं पिछले दो वर्षों में ही हो चुकी है। लगातार हो रही है हत्याओं और प्रताड़ना कि घटनाओं को लेकर प्रदेश के ब्राह्मण वर्ग में काफी आक्रोश है। जबलपुर से लेकर मऊगंज तक ब्राह्मणों के ऊपर जघन्य अपराध हो रहे हैं और सत्ता से जुड़े लोग चुप चाप सब देख रहे हैं। ब्राह्मण वर्ग का भाजपा से विश्वास धीरे धीरे खत्म होता जा रहा है। आने वाले समय मे यह नाराजगी सरकार के खिलाफ जन आंदोलन का रूप भी ले सकती है।
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