Breaking
Stay connected for the latest news and exclusive updates...
मध्य प्रदेश

बीजेपी कार्यालय में प्रदेश प्रभारी महेन्द्र सिंह और सह प्रभारी सतीश उपाध्याय ने संभाला मोर्चा कार्यकर्ताओं से की मुलाकात

मध्य प्रदेश भाजपा में इन दिनों सब कुछ ठीक नहीं चल रहा है। एमपी के प्रदेश पदाधिकारियों को करना चाहिए अब वही काम भाजपा के प्रदेश प्रभारी महेन्द्र सिंह औ...

Sep 8, 2026 2 min read
बीजेपी कार्यालय में प्रदेश प्रभारी महेन्द्र सिंह और सह प्रभारी सतीश उपाध्याय ने संभाला मोर्चा कार्यकर्ताओं से की मुलाकात

📷 Cover Photo: बीजेपी कार्यालय में प्रदेश प्रभारी महेन्द्र सिंह और सह प्रभा

ADVERTISEMENT
Font Size:
मध्य प्रदेश भाजपा में इन दिनों सब कुछ ठीक नहीं चल रहा है। एमपी के प्रदेश पदाधिकारियों को करना चाहिए अब वही काम भाजपा के प्रदेश प्रभारी महेन्द्र सिंह और सह प्रभारी सतीश उपाध्याय को करना पड़ रहा है। दरअसल ओरछा में हुई भाजपा की प्रदेश कार्यसमिति के बाद प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल अभी तक राजधानी भोपाल नहीं पहुंचे हैं। ऊपर से अध्यक्ष और सीएम के बीच मनमुटाव का खबरें भी जम कर प्रसारित हो रही हैं। सोचने की बात यह भी है कि अगर सीएम मोहन यादव और प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल के बीच कोई मनमुटाव नहीं है तो फिर भाजपा की तरफ से खंडन क्यों नहीं किया जा रहा है। मतलब साफ है कि मनमुटाव अब पूरे शबाब पर है जिसके कारण प्रदेश अध्यक्ष ने भी प्रदेश कार्यालय से दूरी बना रखी है। जिसके कारण कार्यालय की व्यवस्था बनाए रखने के लिए प्रदेश प्रभारी महेन्द्र सिंह और सह प्रभारी सतीश उपाध्याय को सक्रिय होना पड़ा है। सोमवार को हालात भी वैसे ही नजर आए जब प्रदेश प्रभारी और सह प्रभारी अपने-अपने चेंबर में बैठ कर कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों से मुलाकात करते नजर आए। अब सवाल इस बात का उठता है कि दोनों नेता एमपी से बाहर के हैं और जिस प्रकार से वो एमपी बीजेपी की व्यवस्था को संभालने का प्रयास कर रहे हैं उससे पार्टी के कार्यकर्ता असमंजस की स्थिति में पहुंच गए हैं। भाजपा के कार्यकर्ता ही अब कहते नजर आ रहे हैं कि इस अस्थिरता की स्थिति में वो किसके पास जाएं। दोनों प्रदेश प्रभारी राज्य से बाहर के हैं और कब दोनों की बिदाई हो जाए पता नहीं लिहाजा कार्यकर्ता सोच में पड़े हैं कि वो जाएं तो जाएं कहां।

Reader Reactions

What is your reaction to this story?
ADVERTISEMENT
📢 Share this story with friends & WhatsApp groups:

Reader Discussion & Comments (0)

Moderated Comments

Leave a Comment

Loading comments...
ADVERTISEMENT