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मध्य प्रदेश

मोहन के हाथ में 'शिव' की नब्ज आदिवासी तो बहाना हैं सालों की सियासत को ठिकाने लगाना है सीएम की बेफिक्री ने किया इशारा

मध्य प्रदेश के कोसमी गांव में 12 परिवारों के घरों पर बुलडोज़र चलने के बाद प्रदेश की सियासत में हाई वोल्टेज ड्रामा देखने को मिला। जहां पूर्व सीएम शिवराज...

• Oct 14, 2026• 2 min read
मोहन के हाथ में 'शिव' की नब्ज आदिवासी तो बहाना हैं सालों की सियासत को ठिकाने लगाना है सीएम की बेफिक्री ने किया इशारा

📷 Cover Photo: मोहन के हाथ में 'शिव' की नब्ज आदिवासी तो बहाना हैं सालों की

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मध्य प्रदेश के कोसमी गांव में 12 परिवारों के घरों पर बुलडोज़र चलने के बाद प्रदेश की सियासत में हाई वोल्टेज ड्रामा देखने को मिला। जहां पूर्व सीएम शिवराज सिंह चौहान ने पीड़ित परिवारों के समर्थन में अपनी ही सरकार के खिलाफ धरना दे दिया। धरने के दौरान पूर्व सीएम ने जिस प्रकार से अपनी ही सरकार के खिलाफ जहर उगला वो आश्चर्यजनक था। लेकिन शिव की जुवां से निकले जहर का फिलहाल मोहन पर कोई असर पड़ता नहीं दिख रहा है। जिस प्रकार से सीएम मोहन यादव ठहाके लगा कर हंस रहे हैं वह बताने के लिए पर्याप्त है कि पूर्व सीएम की दुखती रग पर वर्तमान सीएम ने हाथ रख दिया है। तथाकथित एनालाग पनीर मामला,डंफर घोटाला या फिर व्यापम की ऐसी कोई कड़ी हाथ लगी है जो पूर्व सीएम की कमजोर कड़ी साबित हो रही है। अन्यथा पूर्व सीएम शिवराज सिंह चौहान इतनी जल्दी हार मानने वाले नेताओं में नहीं हैं। रात भर प्रदर्शन करने के बाद पूर्व सीएम दिल्ली रवाना हुए लेकिन वो तमाम सवाल एमपी में ही छोड़ गए कि आखिर ऐसा क्या हुआ जिससे पूर्व और वर्तमान सीएम के बीच पर्दे के पीछे चल रही अंतर्कलह बाहर आ गई। पूर्व सीएम शिवराज भी राजनीति के मझे खिलाड़ी हैं जिन्हें हरा पाना मुमकिन ही नहीं नामुमकिन भी है। लेकिन वर्तमान सीएम ने यह बता दिया है कि हर व्यक्ति का बाप होता है। और बाप तो बाप होता है लिहाजा दुखती नब्ज पर रखा गया हाथ आगे कौन सा दर्द देगा यह तो वक्त बताएगा लेकिन एमपी की राजनीति में फिलहाल यह सवाल जरुर गूंज रहा है कि ऐसी कौन सी नब्ज है जो डाक्टर के हाथ लग गई है। जिसका दर्द बताया नहीं सिर्फ महसूस किया जा सकता है।

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