BJP के 11 विधायकों के मंसूबों पर फिरा पानी मीडिया टीम में हुए शामिल अब सरकार और संगठन की करेंगे बात
मध्य प्रदेश भाजपा ने बहुप्रतीक्षित मीडिया टीम की घोषणा कर दी है। 89 सदस्यों की जंबो टीम को कागजों में काफी मजबूत बनाया गया है। हर क्षेत्र और वर्ग को टीम में महत्व देने का प्रयास किया गया है। प्रदेश मीडिया प्रभारी आशीष अग्रवाल एक सशक्त मीडिया प्रभारी होने के साथ एक अच्छे नेतृत्व कर्ता भी साबित हुए हैं। लेकिन उनके नेतृत्व में जिस प्रकार से 11 विधायकों को प्रदेश प्रवक्ता बनाया गया है वो गले नहीं उतर रहा है। इससे पहले भी कई विधायकों को मौका दिया गया था लेकिन उनका ज्यादा इंट्रेस्ट मीडिया के प्रति देखने को नहीं मिला था और कुछ चुनिंदा चेहरे ही गाहे-बगाहे प्रदेश कार्यालय और टीवी चैनलों में पार्टी का पक्ष रखते नजर आते थे। इस टीम की घोषणा के बाद एक और बात भी देखने को मिली है जिसके तहत भाजपा में कहा जाता था कि एक व्यक्ति एक पद को ज्यादा महत्व दिया जाएगा लेकिन मीडिया टीम की घोषणा के बाद वो सारे मिथक टूटते नजर आए हैं। क्योंकि भाजपा एक बड़ी पार्टी है जहां प्रतिभाओं की कमी नहीं है। उसके बाद भी विधायकों को टीम में प्रदेश प्रवक्ता के तौर पर नियुक्त किया गया है। साथ में पांच पूर्व विधायकों को भी स्थान दिया गया है। पार्टी के इस फैसले में एक व्यक्ति एक पद का मिथक टूट चुका है। इन विधायकों की जगह अन्य लोगों को भी मौका दिया जा सकता था जिससे पार्टी के अन्य कार्यकर्ता अर्जेस्ट हो सकते थे। सूची जारी होने के बाद राजनीतिक विश्लेषक भी हैरान हैं कि पार्टी ने ऐसा गेम खेला है कि सांप भी मर जाए और लाठी भी न टूटे। प्रदेश प्रवक्ता की टीम में शामिल कुछ विधायक निगम-मंडल में शामिल होने का सपना देख रहे थे लेकिन उनके सपने को पार्टी ने चकनाचूर कर दिया हैं। बांकी कागज पर यह टीम काफी सशक्त और मजबूत नजर आ रही है जो चुनाव के समय पार्टी को स्थिरता प्रदान कर सकते हैं और पार्टी और सरकार की बात को मजबूती के साथ जनता के सामने रख सकते हैं।
What's Your Reaction?